Ghaziabad News: महात्मा गांधी सभागार, कलेक्ट्रेट में आगामी श्रावण मास एवं शिवरात्रि के अवसर पर आयोजित होने वाली कांवड़ यात्रा के दृष्टिगत यात्रियों की सुविधा, सुरक्षा, यातायात प्रबंधन तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की तैयारियों की समीक्षा हेतु जिलाधिकारी श्री रविन्द्र कुमार मॉंदड़ की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई।
इन विभागों को दिए दिशा निर्देश
बैठक के दौरान नगर निगम, स्वास्थ्य विभाग, विद्युत विभाग, स्थानीय निकायों, पुलिस विभाग, आपदा प्रबंधन विभाग तथा अन्य संबंधित विभागों को जिलाधिकारी द्वारा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा को सकुशल, शांतिपूर्ण एवं हर्षोल्लासपूर्ण वातावरण में संपन्न कराया जाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए यात्रियों की सुविधा एवं सुरक्षा के साथ-साथ स्थानीय नागरिकों को भी किसी प्रकार की असुविधा न हो, यह सुनिश्चित किया जाए।
स्थानीय निकायों की जिम्मेदारी
जिलाधिकारी ने सभी स्थानीय निकायों की जिम्मेदारी निर्धारित करते हुए निर्देश दिए कि कांवड़ मार्ग पर पर्याप्त बैरिकेडिंग, प्रकाश व्यवस्था एवं स्वच्छता सुनिश्चित की जाए। विद्युत विभाग को निर्देशित किया गया कि समस्त कांवड़ मार्ग पर विद्युत सुरक्षा के विशेष प्रबंध किए जाएं तथा कहीं भी खुले तार, झूलती विद्युत लाइनें, क्षतिग्रस्त पोल अथवा अन्य विद्युत संबंधी खतरे न हों। विद्युत सुरक्षा मानकों के अनुपालन में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
कांवड़ मार्ग पर झाड़ियों की कटाई
उन्होंने निर्देश दिए कि कांवड़ मार्ग पर झाड़ियों की कटाई, मार्ग में बाधा उत्पन्न करने वाली पेड़ों की शाखाओं की छंटाई तथा सड़कों को गड्ढामुक्त एवं सुगम बनाया जाए। यात्रियों की सुविधा के साथ-साथ स्थानीय निवासियों की आवश्यकताओं का भी विशेष ध्यान रखा जाए।
मुरादनगर नहर एवं घाट क्षेत्र में सुरक्षा के व्यापक प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि वहां पर्याप्त बैरिकेडिंग, जल पुलिस, गोताखोर, नाव तथा अन्य आवश्यक सुरक्षा संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। साथ ही सार्वजनिक उद्घोषणा प्रणाली (लाउडस्पीकर) की व्यवस्था भी की जाए, जिससे समय-समय पर श्रद्धालुओं को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जा सकें। उन्होंने मुरादनगर घाट के सौंदर्यीकरण तथा शौचालयों सहित अन्य मूलभूत सुविधाओं के कार्य यात्रा प्रारंभ होने से पूर्व पूर्ण कराने के निर्देश दिए।
तीन पालियों में कर्मचारियों की ड्यूटी
जिलाधिकारी ने सभी विभागों को अपने-अपने नियंत्रण कक्ष (कंट्रोल रूम) पूर्ण सक्रिय रखने तथा उनमें तीन पालियों में कर्मचारियों की ड्यूटी लगाने के निर्देश दिए, जिससे किसी भी आपात स्थिति का त्वरित समाधान किया जा सके।
स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया गया कि पर्याप्त संख्या में एम्बुलेंस एवं चिकित्सा टीमों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। साथ ही कांवड़ मार्ग के निकट स्थित निजी अस्पतालों से समन्वय स्थापित कर उनकी सूची तैयार रखी जाए, जिससे आवश्यकता पड़ने पर तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
खाद्य सुरक्षा विभाग को निर्देश
खाद्य सुरक्षा विभाग को निर्देश दिए गए कि खाद्य पदार्थों में मिलावट रोकने हेतु विशेष अभियान चलाया जाए तथा खाद्य प्रतिष्ठानों की नियमित जांच की जाए। कांवड़ यात्रा के दौरान निर्धारित शासनादेशों एवं स्थानीय प्रशासनिक निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित कराया जाए। कोई भी व्यक्ति नाम बदलकर खाद्य सामग्री ना बेचने पाएं, इसके साथ ही कावड़ मार्ग पर मीट के सभी दुकानें बंद रखी जाए।
जिलाधिकारी ने कांवड़ मार्ग पर स्थित दुकानदारों एवं ढाबा संचालकों को अपने प्रतिष्ठानों के बाहर सीसीटीवी कैमरे लगाने हेतु आवश्यक निर्देश जारी करने को कहा। साथ ही सभी नगर निकायों को निर्देशित किया गया कि कांवड़ यात्रियों की सुविधा के लिए प्रमुख स्थलों पर दिशा-सूचक एवं सूचना बोर्ड लगाए जाएं, जिससे उन्हें पेयजल, शौचालय, चिकित्सा सहायता, विश्राम स्थल एवं अन्य आवश्यक सुविधाओं की जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सके।
धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं को सुव्यवस्थित
उन्होंने कहा कि सभी प्रमुख मंदिरों एवं धार्मिक स्थलों पर सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं को सुव्यवस्थित रखा जाए तथा किसी भी अप्रिय घटना की संभावना को समाप्त करने के लिए आवश्यक प्रबंध पूर्व से ही सुनिश्चित किए जाएं। साथ ही होल्डिंग एरिया पूर्व निर्धारित किए जाएं, ताकि आवश्यकता पड़ने पर श्रद्धालुओं को सुरक्षित रूप से वहां रोका जा सके। इन स्थानों पर पेयजल, शौचालय एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएं।
ये अधिकारी रहे बैठक में उपस्थित
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, अपर जिलाधिकारीगण, उप जिलाधिकारीगण, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, पुलिस विभाग, गाजियाबाद विकास प्राधिकरण, नगर निगम, विद्युत विभाग, स्वास्थ्य विभाग तथा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

